Saturday, February 28, 2015

कुपोषण मुक्त पंचायत बनाने का निर्णय

कुपोषण के मुद्दे पर पंचायत स्तर के फ्रंट लाइन सामुदायिक कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधिं, महिला पर्यवेक्षिका, एएनएम, सहिया, सहिया साथी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, बीटीटी एवं महिला मंडल के सदस्यों के साथ कुपोषण के मुद्दे पर संस्था समर्पण के द्वारा पंचायत भवन इंदरवा में एकदिवसीय सामुदायिक संवेदीकरण कार्यषाला सह बैठक का आयोजन किया गया।  
कार्यषाला को संबोधित करते हुए मुखिया प्रभु यादव ने कहा कि हम अपने पंचायत को कुपोषण के मुद्दे पर मुक्त पंचायत बनाने के लिए कोई कोर-कसर नहीं छोंडेंगे। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी के बेहतर संचालन एवं सुविधाओं को लाभूकों तक पहुंचाने के लिए हमें आप सभी का सहयोग चाहिए।  
बीटीटी बाल मुकुन्द प्रसाद ने कहा कि अपने बच्चों व महिलाओं को कुपोषण से बचाने के लिए बाल विकास परियोजना के साथ-साथ बच्चों के माता-पिता, अभिभावक, परिवार एवं समुदाय की महत्वपूर्ण भुमिका है। उन्होंने कहा कि बाल विकास परियोजना में तहत 0-6 आयु वर्ग के सभी बच्चों के संपूर्ण विकास, किषोरियों, गर्भवती व धातृ महिलाओं को स्वस्थ्य रखने एवं समुचित पोषण आहार से युक्त करने की व्यवस्था है। यदि न मिले तो आवाज बंुलंद करें। 
पंचायत समिति सदस्य तारा देवी ने कहा कि रेटी टू ईट आंगनबाड़ी से लेना और इस्तेमाल करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि सरकार की चीज फ्री का चीज समझ कर इस स्कीम का खिल्ली न उडायें। 
रांची से आये सृजन फाउन्डेषन के शेखर कुमार सिंह ने कहा  आंगनबाड़ी केंद्रों में वजन मषीन नहीं है और न ही नियमित ग्रोथ माॅनिटरिंग हो रहा है। जिसका खमियाजा हम सभी को भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने कुपोषण की मुक्ति के लिए नियमित जांच, टीकाकरण, स्तनपान, खान-पान, संस्थागत प्रसव, ममता, एमटीसी आदि का भरपूर लाभ उठाने की बात कही।  
जिला विधिक सेवा प्राधिकार से जुड़े बालेष्वर राम ने बाल विवाह कानून की जानकारी देते हुए कहा कि जब-जब नियमों व कानूनों का उल्लंघन हुआ है तब तब इसका दुष्परिणाम समाज को भुगतना पड़ा है। उन्होंने कम उम्र में शादी नहीं करने एवं आंगनबाड़ी के बेहतर संचालन में सहयोग करने के लिए समुदाय को आगे आने की बात कही। 
कार्यषाला को कृषि विषेषज्ञ राम किषुन प्रसाद, कानूनी सहायता केंद्र के प्रभारी तुलसी कुमार साव, पंसस तारा देवी, पंसस गणेष दास, आरटीआई कार्यकर्ता विजय यादव, चमेली देवी, मीना देवी, बसंती देवी, मीना बनर्जी, विमला देवी, आषीष कुमार, मंजू देवी, सुनिता देवी, रेणु देवी, गांगो यादव, प्रकाष साव, वार्ड सदस्य राजकुमार पासवान, मोनू सहित 48 लोगों ने भाग लिया।  

Wednesday, February 25, 2015

कुपोषण के मुद्दे पर एकदिवसीय सामुदायिक संवेदीकरण कार्यषाला सह बैठक का आयोजन

'सफल नेटवर्क' अंतर्गत ''अडाॅप्ट ए पंचायत'' अभियान 2015 के तहत संस्था समर्पण के द्वारा चितरपुर स्कूल प्रागंण में एकदिवसीय सामुदायिक संवेदीकरण कार्यषाला सह बैठक का आयोजन किया गया। कार्यषाला को संबोधित करते हुए अधिवक्ता षिवनंदन कुमार शर्मा ने कहा कि कुपोषण बहुत सारे सामाजिक, आर्थिक व राजनैतिक कारणों का परिणाम है। उन्होंने भूख एवं गरीबी को राजनीतिक ऐजेंडा में रखने एवं झारखंड के गांवों को कुपोषण, बाल विवाह, बाल श्रम, भेदभाव, षिषु मृत्यू से मुक्त करने के लिए समुदाय को आगे आने की बात कही।
पंचायत समिति सदस्य तारा देवी ने कहा कि कुपोषण का अर्थ है पोषण की कमी। उन्होंने कहा विभाग इसके लिए सक्रिय है लेकिन, हमलोगों के अंदर ही कमी है इसलिए हमलोग विभाग से मिलने वाली सुविधाओं का लाभ नहीं उठा पाते हैं। उन्होंने कहा कि सिर्फ दूसरे पर तोहमत लगाने मात्र से सिस्टम नहीं बदलने वाला है। उन्होंने अपने हक व अधिकारों की प्राप्ति के लिए महिला मंडल को सक्रिय व सामुहिक आवाज उठाने की बात कही। 
संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू ने विषय प्रवेष कराते हुए कहा कि आज के समय कुपोषण अंतर्राष्ट्रीय समुदाय के लिए चिंता का विषय बना हुआ है। यहां तक की विष्व बैंक ने इसकी तुलना ‘ब्लैक डेथ‘ नामक महामारी से की है। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों का वजन एवं वृद्धि चार्ट निर्माण कार्य नियमित रूप से नहीं हो रहा है। ज्यादातर केंद्रों में वजन मषीन खराब पड़े हुए हैं। उन्होंने कहा कि बाल विकास परियोजना के साथ-साथ बच्चों के माता-पिता, अभिभावक, परिवार एवं समुदाय की महत्वपूर्ण भुमिका है। 
कार्यक्रम समन्वयक आषीष कुमार ने जयनगर में महिला मंडल द्वारा हो रहे साकारात्मक प्रयासों की चर्चा करते हुए कहा कि आजीविका की समस्याओं का हल करके हम इसे रोक सकते हैं। उन्होंने बाल विवाह एवं बेटियों के साथ भेदभाव नहीं करने की बात कही। 
मौके पर नये आंगनबाड़ी, नियमित टीकाकरण, वजन, ग्रोथ चार्ट, षिषु मृत्यू दर में कमी, जंगल सुरक्षा एवं पानी की समस्या के लिए जनावेदन तैयार कर उपायुक्त को सौंपने का निर्णय लिया गया। 

Wednesday, February 11, 2015

नईटांड़ में एकदिवसीय जागरूकता कार्यक्रम

संस्था समर्पण एवं भारती किसान क्लब के संयुक्त तत्वावधान में नईटांड़ में एकदिवसीय जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से कृषि विज्ञान केंद्र के जिला समन्वयक बी. के. सिंह, नाबार्ड के डीडीएम भास्कर मिर्धा, कृषि विषेषज्ञ राम किषुन प्रसाद, कानूनी सहायता केंद्र के प्रभारी बालेष्वर राम, मुखिया किषोर साव एवं संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू आदि उपस्थित थे। 
बी. के. सिंह ने कहा कि खेती का मतलब सिर्फ धान उगा लेना मात्र नहीं है। उन्होंने कहा कि नई तकनीक से खेती करने का हूनर सीखना आज हर किसानों के लिए आवष्यक है। उन्होंने जैविक खेती करने पर बल दिया।
डीडीएम भास्कर मिर्धा ने कहा कि किसान क्लब के बेहतर संचालन से जहां आर्थिक विकास के साथ-साथ सामाजिक बदलाव भी संभव है। 
राम किषुन प्रसाद ने बीज, खाद, पानी, टेक्नीक, मौसम, बाजार और बीमा की जानकारी विस्तार से दी। वहीं बालेष्वर राम ने कानूनी पक्षों की जानकारी देते हुए कहा संगठित आवाज से व्यवस्थाएं बदलती है। क्लब की नियमित बैठक एवं व्यवस्था की कमियों व खामियों के विरूद्ध आवाज उठाना निहायत जरूरी है।

Wednesday, February 4, 2015

नुक्कड़ नाटक के माध्यम से वितीय साक्षरता कार्यक्रम

संस्था समर्पण के द्वारा जिले के सभी 109 पंचायतों में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से वितीय साक्षरता कार्यक्रम का आज शुभांरभ एलडीएम सुषील कुमार के द्वारा उद्घाटन कर किया गया। झुमरी पंचायत से प्रारंभ हुए इस कार्यक्रम मंे मुख्य रूप से नाबार्ड के डीडीएम भास्कर मिर्धा, एफएलसीसी के जिला समन्वयक सुधीर कुमार, आरसेटी के निदेषक बृन्दा प्रसाद, मुखिया महादेव दास, पंसस गणेष दास, संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू आदि उपस्थित थे। मौके पर समर्पण के कलाकारों ने प्रधानमंत्री जन धन योजना, किसान क्लब, महिला स्वयं सहायता समूह, मोबाईल इंटरनेट बैंकिंग, एटीएम कार्ड, केसीसी एवं बैंकों से मिलनेवाली सुविधाओं की
जानकारी नुक्कड़ नाटक के माध्यम से दी गयी। उपस्थित अधिकारियों ने भी अपने संबोधन में कहा कि जरूरत पड़े तो महाजन के बजाय बैंक या स्वयं सहायता समूह से ही कर्जा लेना बेहतर है। बैंक अब आपके द्वार पहुंचकर लाभ देने के लिए तैयार है। सभी के नाम अपना बचत खाता होना बेहद जरूरी है। इसके लिए जीरो वैलेंस पर खाता खोला जा रहा है और सभी खाता को आधार कार्ड से जोड़ा जा रहा है। 
इसके बाद समर्पण के कला जत्था द्वारा करमा एवं छतरबर पंचायत में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से वितीय साक्षरता पैदा करने का प्रयास किया गया। जहां मुखिया मंजू देवी एवं करमा के पंसस मुखतार अंसारी, कपुरवा देवी, चमेली देवी, कविता देवी, वार्ड सदस्य विजय यादव सहित सैकड़ों लोगों ने भाग लिया। 

Saturday, January 17, 2015

नुक्कड़ नाटक के माध्यम से मनरेगा का प्रचार-प्रसार

संस्था समर्पण की टीम की ओर से कोडरमा के जयनगर एवं डोमचांच 
में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से मनरेगा का व्यापक प्रचार-प्रसार

Friday, January 16, 2015

जैविक, जीवंत और सतत कृषि को बढ़ावा देने का निर्णय

संस्था समर्पण के द्वारा सांथ में गठित जीवन किसान क्लब के सदस्यों के साथ कृषि विषेषज्ञों के साथ
सहमिलन कार्यक्रम में जैविक, जीवंत और सतत कृषि को बढ़ावा देने एवं पषुपालन की प्रक्रिया को तेज करने का निर्णय 

Saturday, November 29, 2014

स्कूलस्तरीय जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन

जिम्मेदार पितृत्व अभियान के तहत स्वयंसेवी संस्था समर्पण एवं फेम झारखंड के संयुक्त तत्वावधान में बसधरवा एवं रतिथम्भाई में स्कूली बच्चों के बीच स्कूलस्तरीय जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के तहत ज्ञान-विज्ञान क्विज एवं मेरे पापा सबसे अच्छे विषय पर निबंध लेखन कार्यक्रम किया गया
गया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू, प्रधानाध्यापिका कंचन कुमारी, षिक्षक सुरेन्द्र प्र0 यादव, संजय यादव, रवि कुमार, सीआरपी अभिषेख मंडल, लीला कुमारी, सुरेष कुमार, मेरियन सोरेन, बसंती देवी आदि की उपस्थिति रही। 

Wednesday, November 26, 2014

खेती रोजगार का सषक्त माध्यम : एलडीएम

संस्था समर्पण के द्वारा लोकाई पंचायत भवन में आयोजित एक्सपर्ट मीट कार्यक्रम में मुख्य अतिथि एलडीएम सुषील कुमार सिन्हा ने कहा कि खेती रोजगार का सषक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि अभी हमलोग मात्र कहने भर के लिए किसान हैं, वास्तविक किसान हुए नहीं हैं। इसलिए मौसम का हमें इंतजार रहता है। उन्होंने किसानों को समेकित कृषि करने की सलाह दी। कहा धान की खेती के अलावे फलदार वृक्षारोपण, निंबू, पपीता, फूल, गौपालन, मुर्गी पालन, बकरी पालन, मसरूम आदि की यहां अपार संभावनाएं हैं। बड़े पैमाने पर खेती करने के लिए पूंजी कभी बाधक नहीं होगा। इसके लिए बैंक हमेषा सहयोग करने के लिए तैयार है। 

कृषि एक्सपर्ट रामकिसुन प्रसाद ने किसानों को श्रीविधि से खेती करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि गोबर का भरपूर उपयोग करें। इससे खेतों में डीएपी या यूरिया देने की जरूरत नहीं पड़ेगी। उन्होंने किसानों को बीज, खाद, पानी, मौसम, फसल, बीमा और बाजार के नियमों, मूल्यों व सिद्धांतों की जानकारी दी। 
डालसा से जुड़े बालेष्वर राम ने कहा कि नई तकनीक से खेती करने से प्रति एकड़ 50 हजार की आमदनी संभव है। 
मौके पर समाजसेवी बहादुर यादव, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के तुलसी कुमार साव एवं वार्ड सदस्य विजय यादव ने भी संबोधित किया। संचालन संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू एवं धन्यवाद ज्ञांपन क्लब के अध्यक्ष रघुनाथ दास ने किया।
कार्यक्रम में मुख्य रूप से किषोर दास, दषरथ कुमार दास, टेकनारायण सिंह, संतोष यादव, मुकेष कुमार यादव, सहदेव यादव, शकुन्तला देवी, गीता देवी, अनिल यादव, सुभाष कुमार यादव, मनोज राणा, राजेन्द्र दास, राजू यादव, महेष यादव, अषोक यादव, आषा टोपनो, गांगो यादव, महेन्द्र भुईयां, मेरियन सोरेन, बसंती देवी आदि मौजूद थे। 

Tuesday, November 25, 2014

बाल अधिकारों के संरक्षण में पुरूषों की जिम्मेदार पिता के रूप में भूमिका को लेकर जिलास्तरीय कार्यषाला का आयोजन

समर्पण के द्वारा पंचायत भवन लोकाई में बाल अधिकारों के संरक्षण में पुरूषों की जिम्मेदार पिता के रूप में भूमिका को लेकर जिलास्तरीय कार्यषाला का आयोजन किया गया। कार्यषाला में मुख्य रूप से समाजसेवी बहादुर प्रसाद यादव, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के तुलसी कुमार साव, राम किसुन प्रसाद सुंडी, वार्ड सदस्य रघुनाथ कुमार दास, संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू आदि उपस्थित थे।  
मौके पर बहादुर प्रसाद यादव ने कहा कि हिंसा व भेदभाव एक सामाजिक समस्या है और इसका समाधान कानून से नहीं, बल्कि समाजिक पहल से संभव है। उन्होंने कहा कि समाज में जेंडर समानता कायम करना अतिआवष्यक है। इसके लिए पुरूषों को आगे आने की जरूरत है। 
डालसा के तुलसी कुमार साव ने कहा कि पिता की भुमिका सिर्फ पैसा कमाना, संसाधन जुगाड़ करना या घर-परिवार में अनुषासन बनाए रखना नहीं है बल्कि उनकी जबावदेही व जिम्मेदारी इससे इतर भी है। उन्होंने बाल अधिकारों से संबंधित कानूनों व नीतियों की भी जानकारी दी। 
राम किसुन प्रसाद सुंडी ने कहा कि घर या बाहर महिलाओं व बच्चों को सुरक्षित बचपन व जिंदगी देने के लिए हम परूषों को अपनी सोच और व्यवहार में सकारात्मक बदलाव लाना होगा। उन्होंने भेदभाव रहित व हिंसा मुक्त परिवार व समाज बनाने के लिए नौजवानों को आगे आने की बात कही। 
संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू ने विषय प्रवेष कराते हुए कहा कि संस्था जेंडर समानता एवं महिला हिंसा के विरूद्ध पहले महिलाओं के साथ और अब पुरूष वर्ग साथ काम करना प्रारंभ किया है। उन्होंने कहा कि हर पुरूष हिंसक नहीं हैं, सारे पुरूष हिंसा का समर्थन नहीं करते हैं। वे महिलाओं के साथ गैर बराबरी, भेदभाव तथा हिंसा के खिलाफ खड़े होना चाहते हैं लेकिन, सामाजिक मूल्यों तथा मान्यताओं के दबाव में खुलकर विरोध नहीं कर पाते हैं। 
षिविर में मुख्य रूप से वार्ड सदस्य सह आरटीआई कार्यकर्ता विजय यादव, काली प्रसाद यादव, अनिल यादव, सुभाष प्रसाद यादव, राजू कुमार, बसंती देवी, मेरियन सोरेन, एच.डी. सिंह, सोनी देवी, करिष्मा कुमारी, शकुन्तला देवी, गीता देवी, मंजू देवी, शांति देवी, आजाद, सोनू, पंकज कुमार आदि उपस्थित थे।

Sunday, November 23, 2014

एक्सपर्ट मीट कार्यक्रम में किसानों को दी गई जैविक खेती, बीज, खाद, पानी, टेक्नीक, बाजार, फसल बीमा की जानकारी ।

संस्था समर्पण के द्वारा बिगहा गांव में गठित जय बजरंग किसान क्लब के सदस्यों के साथ आज एक्सपर्ट मीट कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मौके पर उपस्थित कृषि एक्सपर्ट रामकिषुन प्रसाद एवं संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू ने किसानों को जैविक खेती, बीज, खाद, पानी, टेक्नीक, बाजार, फसल बीमा आदि की जानकारी दी। किसुन प्रसाद ने कहा कि हेल्थ और वेल्थ के लिए खेती ही महत्वपूर्ण घोतक है।
लेकिन, जानकारी के अभाव में पैदावार संतोषजनक नहीं है। उन्होंने रसायनिक खाद एवं कीटनाषक के अत्यधिक प्रयोग से होने वाले दुष्परिणामों की जानकारी दी।
कार्यक्रम में मुख्यरूप से वार्ड सदस्य हरिषंकर गिरि, संदीप सिंह, रविन्द्र गिरि, युगेष प्रसाद यादव, बसंत सिंह, जितेन्द्र पासवान, शंकर रजक, ललन सिंह, भोला पासवान, राजू सिंह, सनोज यादव आदि ने भाग लिया। 
संचालन अरूण कुमार सिंह एवं धन्यवाद ज्ञांपन सुरेन्द्र सिंह ने किया। 

Friday, November 21, 2014

जनप्रतिनिधियों एवं पार्टियों के घोषणा पत्र में शामिल होना चाहिए बच्चों से जुड़े मुद्दे

बच्चों से जुड़े मुद्दे काफी महत्वपूर्ण हैं। इनके मुद्दे भी जनप्रतिनिधियों एवं पार्टियों के घोषणा पत्र में शामिल होना चाहिए। मिडिया इस अभियान के हमेषा से सहयोगी व सहयात्री रहे हैं। आगे भी हमारी बस यही अपेक्षा है कि वे बच्चों से जुड़े मुद्दों को जनप्रतिनिधियों तक पहुंचानें में मदद करें। यह बातें समर्पण, क्राई, क्रेज एवं आरजेएसएस द्वारा आयोजित प्रेस काॅन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए क्राई के प्रोग्राम ऐसोसिएट मैनेजर सुषांतो चक्रवर्ती ने कही। स्थानीय वर्णवाल धर्मषाला में आयोजित इस प्रेस काॅन्फ्रेंस में उक्त संस्थाओं द्वारा अगामी झारखंड विधान सभा चुनाव 2014 को देखते हुए बाल घोषणा पत्र भी जारी किया गया। 
क्रेज के अभय कुमार सिंह एवं क्राई से जुड़े अभिजीत मुखर्जी ने कहा कि झारखंड में षिक्षा और स्वास्थ्य की स्थिति बेहद खराब है। बच्चों के लिए जमीनी स्तर पर कार्य नहीं हो पा रहा है। जबकि, बच्चों के अधिकार पर संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन में भारत सरकार द्वारा वर्ष 1989 में 0-18 वर्ष के बच्चों को जीने का, विकास का, सुरक्षा का एवं सहभागिता का अधिकार प्रदान किया गया है। 
सीडब्ल्यूसी के सदस्य राजकुमार सिन्हा ने कहा कि झारखंड में घोषित विधानसभा चुनाव के दौरान राज्य के बच्चे, जो राज्य के कुल आबादी का 40 प्रतिषत हिस्सा है, के मुद्दों व आवाज को राजनीतिक दलों एवं उम्मीदवारों तक पहुंचाना है, ताकि आगामी 5 वर्षो में बच्चों के अधिकारों को मजबूती से लागू किया जा सके।
आरजेएसएस के सचिव मनोज दांगी ने कहा कि प्रदेष के सभी जिलों में विभिन्न संगठनों के माध्यम से हस्ताक्षर अभियान भी चलाया जा रहा है। कोडरमा में भी यह काम हम संस्थाओं के माध्यम से किया जा रहा है। विभिन्न जिलों में एक लाख से ज्यादा लोगों के हस्ताक्षर कराने का लक्ष्य है। उन्होंने बाल अधिकार के लिए बटन दबाने की अपील की।  
मौके पर समर्पण के विजय यादव, मेरियन सोरेन, निर्भय कुल आदि कार्यकर्ताओं की भागीदारी रही।
धन्यवाद ज्ञांपन समर्पण के सचिव इन्द्रमणि साहू ने किया।

Friday, November 7, 2014

Meet with Expert Program at Nayitand

Samarpan के द्वारा नईटांड गांव में भारती किसान क्लब के साथ Meet with Expert Program का आयोजन किया गया। मौके पर कृषि एक्सपर्ट रामकिषुन सुंडी ने कहा कि किसान ही देष का रीढ़ है। किसान जितना परिश्रम करेंगे,
हमारा समाज व देष उतना ही आगे बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि आज जनसंख्या जिस गति से बढ़ रहा है उसी रफतार से जमीन के टुकड़े-टुकड़े हो रहे हैं। इस परिस्थिति में हमें कम पूंजी, कम पानी, कम संसाधन एवं कम परिश्रम में ज्यादा फसल उगाने के तकनीक सीखने की आवष्यकता है। उन्होंने श्रीविधि एवं जैविक खेती पर बल दिया। कार्यक्रम को कार्यक्रम समन्वयक आषीष कुमार, मुखिया किषोर साव, खेमन साव आदि ने भी संबोधित किया।

Saturday, October 11, 2014

कार्यषाला में संत षिवकांत सिंह महाराज का जैविक कृषि की महता पर विषेष व्याख्यान

स्वयंसेवी संस्था समर्पण के द्वारा स्वामी विवेकानंद किसान क्लब, पिपचो के सदस्यों के लिए एकदिवसीय आधारस्तरीय उन्मुखीकरण कार्यषाला का आयोजन किया गया। मौके पर पूणे से आये संत षिवकांत सिंह महाराज, का जैविक कृषि की महता पर विषेष व्याख्यान हुआ। कार्यषाला में मुख्यरूप से डालसा के बालेष्वर राम, मीरा कुमारी, संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू, कृषि विषेषज्ञ राम किसुन सुंडी, महेन्द्र राणा आदि उपस्थित थे। मौके पर क्लब का कार्यालय का भी उद्घाटन संत षिवकांत सिंह महाराज के द्वारा किया गया।
संत षिवकांत सिंह महाराज ने कहा कि किसान क्लब के जरिये समय पर ऋण की उपलब्धता, तकनीक अंतरण, जागरूकता और क्षमता निर्माण होगा और गांवों का विकास होगा। उन्होंने जैविक कृषि, गौपालन और पर्यावरण सुरक्षा के दिषा में पहल करने पर बल दिया। 
कृषि विषेषज्ञ राम किषुन सुंडी कहा कि किसान क्लब की सक्रिय भागीदारी से गांव से पलायन, बेरोजगारी और कुपोषण मिट सकता है। उन्होंने गाय, माय और धरती की रक्षा करने व सम्मान देने की बात कही। 
संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू ने कहा कि किसान आज सबसे ज्यादा उपेक्षित है। इस उपेक्षा के खिलाफ हमारा यह किसान क्लब एक प्रेषर ग्रुप के रूप में काम करेगा। 
कार्यक्रम में समाजसेवी कार्यक्रम समन्वयक आषीष कुमार, नारायण शर्मा, रामचंद्र राणा, लालधारी राणा, खेमन साव, धनेष्वर राणा, महेन्द्र कुमार, मेरियन सोरेन, बसंती देवी, सुनिता देवी, चंद्रिका महतो, षिव कुमार शर्मा, देवनारायण शर्मा, दिनेष राम, प्रसादी राणा सहित गांव के 60 महिला-पुरूषों ने भाग लिया।  
एक अन्य खबर के अनुसार संस्था द्वारा नवदीप किसान क्लब, लतबेधवा के किसानों और कृषि विषेषज्ञों का सहमिलन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मौके पर मुखिया सरीता देवी, संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू, रामकिषुन सुंडी, अजय सिंह, महादेव सिंह, शत्रुधन सिंह, अनिता देवी, बीएन सिंह, शीला देवी, बलराम सिंह सहित दर्जनों सदस्यों ने भाग लिया।

Thursday, October 9, 2014

आत्मपरिवर्तन से विष्वपरिवर्तन विषय पर व्याख्यानमाला का आयोजन

राजकीय मध्य विधालय इंदरवा (देहाती)एवं म0 वि0 सलैयडीह के किषोर-किषोरियों के बीच पुणे (महाराष्ट्र) से आये संत षिवकांत सिंह महाराज का आत्मपरिवर्तन से विष्वपरिवर्तन विषय पर व्याख्यानमाला का आयोजन किया गया। यह आयोजन समर्पण एवं नई आजादी अभियान के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। उन्होंने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि आत्मा ही मन, बुद्धि-विवेक है। इसलिए हम सभी आत्मा हैं। मौके पर सभी बच्चों से दुहराया कि मैं आत्मा हॅू। उन्होंने कहा कि यह वाक्य यदि ह्नदय से बोला गया तो मन मे शांति एवं काम करने में रूचि पैदा होगा। उन्होंने अपने व्याख्यान के दौरान हास्ययोग का प्रयोग कराया गया। उन्होंने हास्ययोग के फायदों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि अपने स्वरूप के प्रति अज्ञानता ही हमारे बीच भ्रम, भय एवं भूत पैदा करता है और सारी समस्याओं का निदान आत्मानुसंधान ही है। उन्होंने कहा कि
आत्मदर्षन ही ईष्वर का दर्षन है, आत्मभक्ति ही ईष्वर की पूर्ण भक्ति है और आत्मश्रद्धा ही निष्काम भक्ति है। उन्होंने बच्चों द्वारा पूछे गये सवालों के जवाब भी दिये।
व्याख्यानमाला में स्कूली बच्चों के अलावे संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू, वार्ड सदस्य विजय यादव, बसंती देवी, मेरियन सोरेन, प्रधानाध्यापक सुभाषचंद्र, सलैयडीह के प्रधानाध्यापक सहदेव राम, विजय कु0 विष्वकर्मा, रीतलाल यादव, कालीचरण राम, सुरेष कुमार, वीरेन्द्र शर्मा, रेखा कुमारी, मो0 मुस्ताक, ज्योति कुमारी, नवयुवक संघ के अध्यक्ष छोटेलाल सिंह, षिक्षक विजय यादव, महेष यादव, युगल यादव, सुरेष यादव आदि शामिल हुए।

Wednesday, October 8, 2014

जीवन में लक्ष्य निर्धारण, संयम, धैर्य और शांति जरूरी - संत शिवकांत सिंह महाराज


 स्वयंसेवी संस्था समर्पण एवं नई आजादी अभियान के संयुक्त तत्वावधान में संस्था कार्यालय सुन्दरनगर एवं चितरपुर गांव में पुणे (महाराष्ट्र) से आये संत शिवकांत  सिंह महाराज का व्याख्यानमाला का आयोजन किया गया। इस व्याख्यानमाला में विषेष रूप से आत्मपरिवर्तन से विष्वपरिवर्तन के दिषा में जाने एवं जीवन जीने की कला को लेकर चर्चा किया गया। श्री महाराज ने कहा कि पहले राजा के घरों से राजा पैदा होते थे, अब ऐसा नहीं है। अब कोई भी इंसान संघर्ष के जरिये राजा या महान बन सकते हैं। उन्होंने कहा कि जीवन में हर काम आनंद और शांति के साथ किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि जीवन में लक्ष्य निर्धारण, संयम, धैर्य और शांति जरूरी है।
व्याख्यानमाला में मुख्यरूप से संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू, डालसा के बालेष्वर राम, वार्ड सदस्य विजय यादव, रंजन यादव, बसंती देवी, मेरियन सोरेन, मीना देवी, सुनिता देवी, रामकिषुन संुडी, मंजू देवी, आषीष कुमार, नारायण शर्मा, पंसस गणेष दास, वार्ड पार्षद अमित अनुराग, अर्चना देवी, शषि देवी, शांति देवी आदि शामिल हुए।


Saturday, September 27, 2014

जीवन में स्थायी खुषी लाने का एक अच्छा माध्यम खेती

संस्था समर्पण के द्वारा न्यू जागृति किसान क्लब, पांडू के सदस्यों का एकदिवसीय आधारस्तरीय उन्मुखीकरण कार्यषाला का आयोजन किया गया। मौके पर तेतरोन के मुखिया रामचंद्र यादव ने क्लब के कार्यालय का भी उद्घाटन किया। मौके पर कृषि विषेषज्ञ राम किषुन सुंडी, झारखंड ग्रामीण बैंक के शाखा प्रबंधक राम बालक नाथ, पंसस प्रसादी चंद्र राणा, वार्ड सदस्य वैधनाथ, गोविन्द पांडेय एवं कार्यक्रम समन्वयक आषीष कुमार आदि उपस्थित थे। 
कार्यषाला को संबोधित करते हुए कृषि विषेषज्ञ राम किषुन सुंडी कहा कि किसान क्लब यदि बेहतर कार्य किया तो गांव व समाज को हम पलायन, बेरोजगारी और कुपोषण की बीमारी से मुक्त कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि जीवन में स्थायी खुषी लाने का एक अच्छा माध्यम खेती है। उन्होंने गाय, माय और धरती की रक्षा करने व सम्मान देने की बात कही। उन्होंने श्रीविधि से खेती करने पर बल दिया। 
मुखिया रामचंद्र यादव ने कहा कि किसान आज सबसे ज्यादा उपेक्षित है। इस उपेक्षा के खिलाफ हमारा यह किसान क्लब एक प्रेषर ग्रुप के रूप में काम करेगा। 
शाखा प्रबंधक राम बालक नाथ ने कहा कि दुनिया में आगे निकलने या धनी बनने के लिए किसान बैंक ऋण का सदुपयोग करें। उन्होंने जेएलजी, डब्ल्यूएसएचजी, केसीसी, जनधन योजना एवं अन्य सुविधाओं की विस्तृत जानकारी दी।
विषय प्रवेष कराते हुए संस्था के कार्यक्रम समन्वयक आषीष कुमार ने कहा कि किसान देष की रीढ़ है। इस रीढ़ को सषक्त करने के उद्देष्य से संस्था द्वारा गांव-गांव में किसान क्लब बनाकर सदस्यों को प्रषिक्षित की जा रही है। 
कार्यक्रम में मुख्य रूप से समाजसेवी गोविन्द पांडेय, रामेष्वर राणा, नंदलाल यादव, त्रिभुवन यादव, रामचंद्र पासवान, अर्जून सिंह, भुपत महतो, रामावतार सिंह, बैधनाथ यादव सहित गांव के 40 महिला-पुरूषों ने भाग लिया।  

जीवन में मुसीबत का आना पार्ट आॅफ लाईफ है और उससे मुस्कुराकर बाहर निकलना आर्ट आॅफ लाईफ है

संस्था समर्पण के द्वारा पंचायत भवन लोकाई में आयोजित तीन दिवसीय जीवन कौषल विकास प्रषिक्षण कार्यक्रम ‘‘हम होंगे कामयाब......‘‘ गीत के साथ समापन हो गया। कार्यक्रम के अंतिम दिन के मुख्य अतिथि सलैयडीह स्कूल के प्रधानाध्यापक सहदेव राम ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि यदि नया कुछ करने या सृजन करने के दौरान गलतियां होती है तो यह उनका अधिकार का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि किषोरावस्था में यदि सही मार्गदर्षन मिले तो बच्चों को काबिल बनने से कोई नहीं रोक सकता। 
जिला विधिक सेवा प्राधिकार से जुडे़ तुलसी कुमार साव ने बच्चों के अधिकारों की चर्चा करते हुए कहा कि जीवन में मुसीबत का आना पार्ट आॅफ लाईफ है और उससे मुस्कुराकर बाहर निकलना आर्ट आॅफ लाईफ है।
संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू ने जीवन कौषल के विभिन्न पहलुओं पर प्रकाष डालते हुए कहा कि अपने बेहतर जीवन के लिए पेप्सी, कोकाकोला, आईसक्रीम या अन्य नषायुक्त पदार्थो का सेवन नहीं करना चाहिए। उन्होंने कहा कि नषा का सेवन करने से सामाजिक, आर्थिक, शारीरिक एवं मानसिक हानि होती है। 
कार्यक्रम में मुख्य रूप से नारायण कुमार शर्मा, वार्ड सदस्य विजय यादव, मेरियन सोरेन, रौषनी, सूरज, चांदनी, नीतू, प्रिया, ज्योति, महेष, ऋतिक, करण, कविता, पूजा, प्रिया, सुनिता, बसंती देवी, रिंकी कुमारी, चिन्ता कुमारी, प्रिती कुमारी, प्रवीण कुमार, राहूल कुमार, शंकर कुमार, पवन सहित कुल 45 किषोर-किषोरियों ने भाग लिया। 

Tuesday, September 16, 2014

निर्णय की प्रक्रिया में बच्चों की भागीदारी बढ़ाने, स्कूल को बेहतर करने एवं बच्चों को मुखर और काबिल बनाने के लिए बाल संसद का आयोजन

बाल अधिकार जागरूकता अभियान अंतर्गत संस्था समर्पण के द्वारा पंचायत भवन लोकाई में प्रखंडस्तरीय बाल संसद का आयोजन किया गया। जिसमें इंदरवा एवं लोकाई पंचायत के विधालयों के बाल संसदों ने भाग लिया। संसदीय सत्र के दौरान संसदों ने मध्यान भोजन में गड़बड़ी व अनियमित होने, लोकाई स्कूल के चापानल के पास कीचड़ जमा होने, सलैयडीह एवं लोकाई सहित अन्य कई विधालयों में चहारदिवारी नहीं होने, आंगनबाड़ी के बच्चे सलैयडीह स्कूल में आ जाने, पुस्तक व पोषाक समय पर नहीं मिलने, स्कूलों में खेल सामग्री नहीं रहने, झाडू-डैस्क आदि खरीदने के लिए बच्चों से पैसे लेने, स्कूल कैंपस में जानवर बांधने, मध्यान भोजन करने से पहले साबून की व्यवस्था नहीं होने आदि कई सवाल उठाये गये। काफी चर्चा-विमर्ष के बाद बाल संसदों ने निर्णय लिया कि एक सप्ताह के अंदर यदि एसएमसी, मुखिया एवं प्रधानाध्यापक के स्तर से सवालों का हल नहीं किया गया तो उपायुक्त को लिखित ज्ञांपन सौंपा जायेगा।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू ने कहा कि निर्णय की प्रक्रिया में बच्चों की भागीदारी बढ़ाने, बच्चों की सहभागिता से स्कूल को बेहतर करने एवं उन्हें मुखर और काबिल बनाने के लिए यह कार्यक्रम आयोजित किया गया है। 

वार्ड सदस्य विजय यादव ने बच्चों को लोकतंत्र में कार्यपालिका, न्यायपालिका, विधायिका एवं पत्रकारिता की महता पर प्रकाष डालते हुए कहा कि स्कूल के अंदर की व्यवस्था भी कुछ  इसी तरह है या होना चाहिए। इस व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाने एवं बाल अधिकारों के सरंक्षण के लिए ही बाल संसद का गठन किया गया है। उन्होंने सभी मंत्रियों एवं सांसदों की भुमिका पर विस्तार से चर्चा किया। 
मो0 निसार अहमद ने कहा कि मस्तिष्क ऐसा टेंक है जो कभी भरता नहीं है। सभी किताबों व ज्ञान को मस्तिष्क में रखना एवं ज्ञान को व्यवहार में उतारना चाहिए।धन्यवाद ज्ञांपन मेरियन सोरेन ने किया।

Sunday, September 7, 2014

किसानों को आर्थिक, बौद्धिक व नई तकनीक से लैस करने के लिए चलाया जा रहा है कार्यक्रम

स्वयंसेवी संस्था समर्पण के द्वारा पंचायत भवन ढ़ाब में आदर्ष किसान क्लब के सदस्यों का आधारस्तरीय उन्मुखीकरण प्रषिक्षण दिया गया। इसके पहले मुखिया सुषीला देवी ने क्लब का कार्यालय का उद्घाटन फीता काटकर किया। मौके पर आत्मा से जुड़े उत्प्ररेक राम किसुन सुंडी, डालसा के तुलसी कुमार साव, समर्पण के सचिव इन्द्रमणि साहू एवं नारायण विष्वकर्मा आदि उपस्थित थे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए रामकिसुन संुडी ने कहा कि क्षेत्र में हरित क्रांति लाने के लिए हमें अपने को बदलते हुए विज्ञान व तकनीक से जोड़ना होगा। उन्होंने कई प्रातों में कृषि क्षेत्र में आये बदलाव का उदाहरण देते हुए कहा कि यहां के किसान अपनी कमजोरियों की वजह से आज उपेक्षित हैं। उन्होंने योजनाओं का लाभ लेने पर बल दिया।


संस्था सचिव इन्द्रमणि साहू ने कहा कि किसान ही देष का रीढ़ है और रीढ़ ही कमजोर हो तो विकास का एक भी मानक पूरा नहीं किया जा सकता। उन्होंने सदस्यों को क्लब के संचालन के तरीके, रख-रखाव, ग्राम कोष के फायदे, सक्रिय किसान क्लब के मानक, वितीय संस्थानों व अन्य विभागों से संबंध, लेखा-जोखा के तरीके आदि बिन्दुओं पर प्रकाष डाला।
डालसा के तुलसी कुमार साव ने सरकार की ओर से संचालित योजनाओं व नीतियों की जानकारी देते हुए कहा कि किसानों को आर्थिक, बौद्धिक व नई तकनीक से लैस करने के लिए यह कार्यक्रम चलाया जा रहा है। किसानों के साथ-साथ अन्य वर्गो को भी इससे लाभ मिलेगा।  
म्ुखिया सुषीला देवी ने कहा कि यह किसान क्लब बेहतर कार्य कर अपना एक नया मिसाल कायम करेगी। नया मिसाल बनाने में हमारा विषेष सहयोग रहेगा।